Bad language causes misery, time improves everything: Chief Minister-m.khaskhabar.com
×
khaskhabar
Feb 1, 2023 8:34 am
Location
Advertisement

बदजुबानी दुर्गति कराती है, वक्त सबको सुधार देता है: मुख्यमंत्री

khaskhabar.com : शुक्रवार, 02 दिसम्बर 2022 6:31 PM (IST)
बदजुबानी दुर्गति कराती है, वक्त सबको सुधार देता है: मुख्यमंत्री
रामपुर । यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कहा कि बदजुबानी दुर्गति कराती है, वक्त सबको सुधार देता है।

आजम खां शुक्रवार को रामपुर पहुंचे। इस दौरान यहां विधानसभा उपचुनाव के लिए भाजपा प्रत्याशी आकाश सक्सेना के पक्ष में जनसभा की। कहा कि पिछले पांच वर्षों में जिसने सबसे अधिक चुनाव-उपचुनाव झेला है। उनमें से रामपुर भी एक है। पहले जनता से समर्थन लेना, फिर उस पद से इस्तीफा दे देना। बार-बार चुनाव होना यह रामपुर के विकास को बाधित करता है। बार-बार के चुनाव से मुक्ति पाइए, रामपुर को विकास के पथ पर ले जाइए। सीएम के निशाने पर आजम खां रहे। बिना नाम लिए मुख्यमंत्री ने कहा कि बदजुबानी दुर्गति कराती है, वक्त सबको सुधार देता है।

उन्होंने कहा कि प्राकृतिक सौंदर्य, आजादी की लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभाने, यहां के हस्तशिल्पियों द्वारा रामपुरी चाकू, वायलिन व जरी जरदोजी के माध्यम से रामपुर की वैश्विक पहचान रही। किन लोगों ने रामपुर की इस पहचान को समाप्त किया। रामपुर चंद अवसरवादी चेहरों में घिरकर तड़पता दिख रहा था, लेकिन साढ़े 8 वर्ष में पीएम मोदी के नेतृत्व में केंद्र व साढ़े 5 वर्ष में भाजपा सरकार को आपने कार्य करते देखा। कोई नहीं कह सकता कि चेहरा देखकर शासन की योजनाओं का लाभ दिया गया हो।

सीएम ने कहा कि 2014 में पीएम ने सबका साथ, सबका विकास की घोषणा की थी। कोरोना काल में सभी धर्म-मजहब के लोगों को उपचार, टेस्ट व वैक्सीन मिला। सपाई अफवाह फैला रहे थे, लेकिन यही वैक्सीन इलाज में कारगर हुई। डबल डोज के साथ फ्री में प्रिकाशन डोज भी मिली। डबल इंजन सरकार ने बिना चेहरा देखे हर गरीब को डबल डोज राशन दिया। 45 लाख गरीबों को पीएम आवास, 2.61 करोड़ ग्रामीण, 10 लाख लोगों को शहरी क्षेत्र में शौचालय का लाभ मिला। 15 करोड़ गरीबों को राशन, 1 करोड़ वृद्धजनों निराश्रितों व दिव्यांगजनों को 12 हजार सालाना पेंशन उपलब्ध करा रहे हैं। 2.44 करोड़ किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि, 1.43 करोड़ किसानों को बिजली कनेक्शन, 1.63 करोड़ से अधिक महिलाओं को उज्‍जवला योजना के तहत गैस कनेक्शन उपलब्ध कराए गए। यूपी का नागरिक है और पात्रता की श्रेणी में आता हो, उसे योजना का लाभ मिला।

सीएम ने कहा कि यूपी कर्फ्यू, दंगामुक्त हुआ है। इससे निवेश, रोजगार मिला और जीवन में परिवर्तन आया। आज इंफ्रास्ट्रक्च र के कार्य हो रहे हैं। पूर्वांचल, बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे राष्ट्र को मिल गया। देश के सबसे बड़े गंगा एक्सप्रेसवे का कार्य हो रहा है। वर्तमान में 6 एक्सप्रेसवे बन रहे। एयर कनेक्विटी बेहतर हुई है।

सीएम ने विश्वास जताते हुए कहा कि यह तो तय है कि केंद्र में मोदी और यूपी में बीजेपी की सरकार रहनी है। आपने सांसद भाजपा का जिताया, विधायक भी भाजपा का भेजेंगे तो रामपुर उन लोगों के हाथों में नहीं होगा, जो 200 पुराने मदरसे को बंद कर अपनी जागीर बनाते थे। पांडुलिपियों को चोरी कराते थे। रामपुर की धरोहर को नष्ट किया गया। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जिस सिटी मांटेसरी में ठहरते थे, उस पर कब्जे का प्रयास हुआ। सपा ने यहां के राष्ट्रीय इंटर कॉलेज पर कब्जा किया। स्कूल पढ़ने और मदरसे तालीम देने के माध्यम होते हैं। पांडुलिपियां धरोहर होती हैं, लेकिन कुछ लोग इसे अपनी बपौती समझने लगे। हमारी सरकार ने कहा कि पांडुलिपियों को संरक्षित करना चाहिए। हम सिटी मांटेसरी, राजकीय इंटर कॉलेज में किसी को कब्जा नहीं करने देंगे। यदि सरकारी पैसे से गेस्ट हाउस बना है उसका उपयोग सरकारी कार्य के लिए ही होगा। लोकतंत्र में सिर्फ जनता ही जनार्दन होती है।

सीएम ने कहा कि आकाश सक्सेना ने सदैव अन्याय के खिलाफ गरीबों, कमजोरों, पीड़ितों की लड़ाई लड़ी है और यही सच्चे नागरिक का दायित्व है। अत: भाजपा नेतृत्व ने सभी पदाधिकारियों की सहमति से आकाश को मैदान में उतारा है। विपरीत परिस्थितियों में आकाश ने लड़ाई लड़ी है। जब रामपुर पर फिर उपचुनाव की नौबत आई है, तो उन्हें एक अवसर और दिया गया।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बिना नाम लिए आजम खां पर निशाना साधा। कहा कि सपा के एक नेता लगातार कह रहे हैं कि उनके साथ अन्याय हुआ। यह गुमराह करने वाला वक्तव्य है। व्यक्ति के कारनामे उनके कार्यों की सजा दे रही है। निर्णय न्यायालय दे रही तो सरकार व पार्टी पर दोषारोपण ठीक नहीं है। वे स्वास्थ्य का ख्याल रखें। मंत्री रहते ईमानदारी से विकास में रूचि ली होती, कब्जा कराने की बजाय प्रतिष्ठानों का संरक्षण का दायित्व लिया होता और बिना भेदभाव नागरिकों के साथ बढ़ने के साथ अपनी जुबान को नियंत्रित किए होते। बदजुबानी हमेशा दुर्गति का काम करती है। हम आज भी उनसे यही कहेंगे। कभी बहन-बेटियों, प्रशासन, संवैधानिक संस्थाओं के लिए भी बदजुबानी कहते थे। सपा जब चुनाव हारती है तो पहले चुनाव आयोग, फिर ईवीएम, प्रशासन और पुलिस कर्मियों को दोषी ठहराती है, अपने कारनामों को नहीं। यदि जनता से माफी मांगते तो रहम मिलता।

--आईएएनएस

ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

Advertisement
Khaskhabar UP Facebook Page:
Advertisement
Advertisement