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फिजियो प्लस- क्लिनिकल इनोवेशन मीट 2026: फिजियोथेरेपी में रिकवरी के वैज्ञानिक मापन पर हुआ मंथन

कार्यक्रम का मुख्य विषय “दर्द से आगे: फिजियोथेरेपी में रिकवरी का मापन” (Beyond Pain: Measuring Recovery in Physiotherapy) रहा।
साक्ष्य-आधारित दृष्टिकोण: विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि आधुनिक फिजियोथेरेपी में मरीज की रिकवरी को केवल दर्द कम होने तक सीमित न रखकर वैज्ञानिक, मापनीय और डेटा-आधारित तरीकों से दर्ज किया जाना चाहिए।
तकनीक का समावेश: विशेषज्ञों ने परिणाम-आधारित (Outcome-based) फिजियोथेरेपी, स्पोर्ट्स इंजरी मैनेजमेंट, आधुनिक रीहैबिलिटेशन और डेटा-संचालित देखभाल पर विस्तार से विचार साझा किए।
प्रमुख विशेषज्ञों और हेल्थटेक कंपनियों की सहभागिता
चिकित्सक एवं विशेषज्ञ: कार्यक्रम में मणिपाल हॉस्पिटल के अस्थि एवं जोड़ शल्य चिकित्सा विभागाध्यक्ष डॉ. बी.आर. बगारिया, स्पाइन केयर विभागाध्यक्ष डॉ. मुकेश हरिरवाल, फिजियोथेरेपी विभागाध्यक्ष डॉ. मनीष राजपुरोहित, सीकेएस हॉस्पिटल के डॉ. सुनील घरवाल सहित डॉ. दीपक कुमार सिंह, डॉ. हिमांशु माथुर, डॉ. विक्रम यादव, डॉ. नेहा तंवर एवं डॉ. प्रताप तंवर ने सहभागिता की।
हेल्थटेक इनोवेशन: मेडेंट्रिक मेडटेक, क्यूरापॉड, वीएएलडी (VALD), केमटाई और वनस्टेप जैसी अग्रणी पुनर्वास तकनीक कंपनियों ने मरीज की शारीरिक प्रगति के सटीक आकलन से जुड़ी आधुनिक तकनीकों का प्रदर्शन किया।
विशेषज्ञ परिचर्चा: डॉ. मनीष राजपुरोहित के संचालन में आयोजित पैनल डिस्कशन में वैज्ञानिक निर्णय प्रक्रिया, उपचार के परिणामों के मापन और फिजियोथेरेपी के भविष्य पर चर्चा की गई।
आयोजन का संदेश
फिजियो प्लस के सह-संस्थापकों ने बताया कि इस मीट का उद्देश्य चिकित्सकों, अस्पतालों और टेक-नवाचारकर्ताओं को एक मंच पर लाना है ताकि फिजियोथेरेपी को अधिक वैज्ञानिक, तकनीक-सक्षम और परिणाम-आधारित बनाया जा सके।
कार्यक्रम का मुख्य संदेश: "बेहतर परिणाम मापें, बेहतर देखभाल को ट्रैक करें और बेहतर जीवन में बदलाव लाएं।"
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