Neha Singh Rathore Reaches Hazratganj Police Station in Lucknow in Controversial Post Case, Says She Will Cooperate with the Investigation-m.khaskhabar.com
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विवादित पोस्ट मामले में नेहा सिंह राठौर लखनऊ के हजरतगंज थाने पहुंचीं, बोलीं-जांच में सहयोग दूंगी

khaskhabar.com: सोमवार, 19 जनवरी 2026 2:49 PM (IST)
विवादित पोस्ट मामले में नेहा सिंह राठौर लखनऊ के हजरतगंज थाने पहुंचीं, बोलीं-जांच में सहयोग दूंगी
लखनऊ । लखनऊ के हजरतगंज पुलिस स्टेशन में सोमवार को लोक गायिका नेहा सिंह राठौर अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर के सिलसिले में पुलिस के सामने पेश हुईं। सुप्रीम कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगाई हुई है और उन्हें निर्देश दिया था कि वे जांच अधिकारी के सामने निर्धारित समय पर हाजिर हों और जांच में सहयोग करें। नेहा सिंह राठौर इस आदेश का पालन करते हुए सुबह 11 बजे थाने पहुंचीं। उन्होंने आईएएनएस से बातचीत में कहा, ''मुझे सुप्रीम कोर्ट ने 19 जनवरी को सुबह 11 बजे हजरतगंज पुलिस स्टेशन में जांच अधिकारी के सामने पेश होने का आदेश दिया था। मैं उसी आदेश का पालन करने यहां आई हूं। मैं न्यायिक प्रक्रिया में अपना पूरा सहयोग दूंगी।'' दरअसल, मामला जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले से जुड़ा है, जिसमें पर्यटकों की धर्म पूछकर हत्या की गई थी। इस घटना के बाद नेहा सिंह राठौर ने सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर कुछ पोस्ट और गाने साझा किए। इनमें सबसे विवादित गाना था, 'चौकीदारवा कायर बा…,' जिसे उन्होंने मई 2025 में प्रस्तुत किया। इस गाने में कथित तौर पर भाजपा सरकार के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां की गई थीं, जिसके बाद वाराणसी और लखनऊ में कई एफआईआर दर्ज की गईं।
अकेले लंका थाने में ही 318 शिकायतें दर्ज की गईं और कुल मिलाकर 500 से अधिक शिकायतें विभिन्न थानों में पहुंचीं।
नेहा के खिलाफ आरोप था कि उनके गानों और पोस्ट ने देश की अखंडता को नुकसान पहुंचाने और साम्प्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की। शिकायतकर्ता ने दावा किया कि नेहा की पोस्ट और गाने पाकिस्तान में भी व्यापक रूप से साझा किए गए और भारत की आलोचना के लिए वहां के मीडिया द्वारा इस्तेमाल किए गए। इस मामले में हजरतगंज कोतवाली में एफआईआर दर्ज की गई थी।
इससे पहले नेहा सिंह राठौर ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में एफआईआर रद्द करने और अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर की थी, लेकिन लखनऊ बेंच ने 5 दिसंबर 2025 को उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद पुलिस ने उन्हें नोटिस भेजकर हजरतगंज थाने में पेश होने के लिए कहा। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने 8 जनवरी को गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी और स्पष्ट किया कि वह जांच में सहयोग करें।
--आईएएनएस

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