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होर्मुज स्ट्रेट में सुरक्षा को लेकर ईरान के विदेश मंत्री ने तुर्किए और सऊदी समकक्षों से फोन पर की बात

न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, ये फोन कॉल शनिवार को ईरान और अमेरिका के बीच हुई नौसैनिक झड़पों के बाद आए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) द्वारा क्षेत्रीय जल में गश्त कर रहे दो अमेरिकी नौसैनिक युद्धपोतों की ओर बैलिस्टिक मिसाइलें दागे जाने के बाद अमेरिकी सेना ने ईरान के तीन कच्चे तेल वाहक जहाजों पर हमला किया।
उसने कहा, "एक अमेरिकी विमानवाहक पोत और एक गाइडेड-मिसाइल विध्वंसक ने ईरान के कई अकारण हमलों को सफलतापूर्वक टाल दिया। किसी भी अमेरिकी कर्मी को कोई नुकसान नहीं पहुंचा।"
बाद में आईआरजीसी नौसेना ने अमेरिकी हमलों की पुष्टि करते हुए कहा कि उसने जवाबी कार्रवाई में होर्मुज स्ट्रेट में तीन तेल टैंकरों और अन्य जगहों पर अमेरिका से जुड़े तीन जहाजों को निशाना बनाया था।
आईआरजीसी के आधिकारिक न्यूज आउटलेट सेपाह न्यूज द्वारा रविवार सुबह प्रकाशित एक बयान में आईआरजीसी ने कहा कि उसकी एयरोस्पेस फोर्स ने पिछले कुछ घंटों में एक अमेरिकी विमानवाहक पोत और एक विध्वंसक पर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागी थीं, और आरोप लगाया कि इन जहाजों ने ईरानी जहाजों को परेशान किया था और ईरान के खिलाफ नौसैनिक नाकाबंदी में भाग लिया था।
आईआरजीसी ने यह भी कहा कि उसकी नौसेना ने अमेरिकी सेना के एक मानवरहित सतही जहाज (अनमैन्ड सरफेस वेसल) पर हमला किया था, जिसने होर्मुज स्ट्रेट के एक संरक्षित क्षेत्र में प्रवेश करने का प्रयास किया था।
--आईएएनएस
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