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शिक्षकों को कैशलेस इलाज का तोहफा, सीएम योगी बोले- आपके स्वास्थ्य की चिंता करेगी सरकार, आप शिक्षा पर करें फोकस

सीएम योगी ने कहा कि सरकार ने शिक्षकों से कुछ नहीं मांगा है। बदले में केवल यही अपेक्षा है कि वे बच्चों की पढ़ाई, विद्यालयों की स्वच्छता, अनुशासन और समग्र विकास पर पूरा ध्यान दें। हर नागरिक का दायित्व है कि प्रत्येक बच्चे को स्कूल तक पहुंचाए, लेकिन शिक्षकों की जिम्मेदारी सबसे अधिक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'निपुण भारत' अभियान का उद्देश्य प्रत्येक बच्चे को बुनियादी शिक्षा में दक्ष बनाना है। विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब शिक्षा की मजबूत नींव तैयार होगी। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति भारतीय परंपरा और आधुनिक आवश्यकताओं का समन्वय है और इसी के अनुरूप प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। एक समय उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था निहित स्वार्थों के कारण बुरी तरह प्रभावित हो गई थी और राज्य 'बीमारू' की पहचान से जूझ रहा था। लेकिन पिछले नौ वर्षों में शिक्षा क्षेत्र में व्यापक सुधार हुए हैं, जिससे प्रदेश तेजी से आगे बढ़ रहा है और शिक्षकों को भी समाज में सम्मानजनक पहचान मिली है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने भारतीय स्टेट बैंक के साथ सामाजिक सुरक्षा से संबंधित समझौता भी किया है। इसके तहत अस्थायी शिक्षकों को भी जोखिम कवर सहित विभिन्न सामाजिक सुरक्षा लाभ दिए जाएंगे। उत्तर प्रदेश इस प्रकार की व्यापक व्यवस्था लागू करने वाला देश का पहला राज्य बन रहा है। शिक्षा केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है।
उन्होंने शिक्षकों से आचार्य चाणक्य, महामना मदन मोहन मालवीय और डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन जैसे महान शिक्षकों से प्रेरणा लेने का आह्वान करते हुए कहा कि सशक्त शिक्षक ही सशक्त समाज और सशक्त राष्ट्र का निर्माण कर सकते हैं।
--आईएएनएस
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