Advertisement
ओशो और दिलीप कुमार को सुभाष घई ने बताया 'मेंटर', जन्मदिन की दी शुभकामनाएं

उन्होंने दोनों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए आगे लिखा, “मेरे असली पेरेंट्स, मैं हर अच्छे और बुरे समय में आप दोनों को हमेशा याद करता हूं। धन्यवाद सर, मुझे एक खुश और विनम्र इंसान बनाने के लिए, जो आखिर तक बेहतरीन की तलाश करता रहे।”
ओशो (रजनीश) का जन्म 11 दिसंबर 1931 को हुआ था, जबकि 'ट्रेजेडी किंग' दिलीप कुमार का जन्म 11 दिसंबर 1922 को हुआ था। संयोग से दोनों महान शख्सियतों का जन्मदिन एक ही तारीख को पड़ता है।
सुभाष घई अक्सर दिलीप कुमार की तारीफ करते नजर आते हैं और उन्हें अपना प्रोफेशनल गुरु मानते हैं। वहीं, घई ओशो के विचारों से भी गहरे रूप से प्रभावित रहे हैं और इसे खुलकर स्वीकार करते हैं।
सुभाष घई बताते हैं कि उनकी जिंदगी में ओशो का खास महत्व रहा है। वह उनके न केवल गुरु बल्कि मित्र भी रहे हैं, उन्हें 40 वर्षों से जानते हैं।
घई ने शिक्षक दिवस के मौके पर पोस्ट में उल्लेख भी किया था कि पिछले 40 सालों से ओशो उनके विचारों को लगातार प्रेरित करते रहे हैं और जीवन के हर दर्शन, लोगों, ऊर्जा और सच्चाई के पीछे छिपे सत्य को नई रोशनी में लाने में सहायक रहे हैं। वह ओशो के मशहूर सूत्र “मेरी बात सुनो, मेरा अनुसरण मत करो, बस स्वयं साक्षी बनो” को फॉलो भी करते हैं।
सुभाष घई बॉलीवुड के उन चुनिंदा फिल्ममेकर्स में से हैं, जिनकी ज्यादातर फिल्में सफल रही हैं। उन्होंने ‘ताल’, ‘परदेस’, ‘राम लखन’, ‘करण-अर्जुन’, ‘खलनायक’ और ‘हीरो’ जैसी सुपरहिट फिल्में दीं।
--आईएएनएस
ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे
Advertisement
यह भी प�?े
बॉलीवुड
Advertisement
Traffic
Features




